संस्थान का मुख्य उद्देश्य चुम्बकीय परिसीमित प्लाज़्मा एवं प्लाज़्मा में अरैखिक घटनाओं के क्षेत्र में मौलिक तथा अनुप्रयुक्त अध्ययन को प्रसारित तथा सम्पादित करना है।
भौतिकी के क्षेत्र में वैज्ञानिकों तथा अभियंताओं को प्रशिक्षित करने के लिए संस्थान में अनेक शैक्षिक कार्यक्रम चल रहें हैं।
एम एससी (भौतिकी/अनुप्रयुक्त भौतिकी) पूर्ण कर चुके विद्यार्थियों को इस कार्यक्रम के लिए सामान्यतया जून माह में आयोजित एक लिखित परीक्षा तत्पश्चात व्यक्तिगत मौखिक परीक्षा के आधार पर चयन किया जाता है।
इन शोधार्थियों को प्रथम तथा द्वितीय वर्ष के लिए 12000 एवं शेष वर्षों के लिए 14000/- की दर से फेलोशिप प्रदान किया जायेगा। शोध छात्र के रूप में चयनित अभयर्थियों के लिए संस्थान की शैक्षिक समिति द्वारा निर्धारित किसी एक विषय सम्मुच्च्य का चुनाव करना होगा। शोध छात्र को संस्थान के किसी शैक्षिक सदस्य के निगरानी में एक शोध परियोजना लेना होगा जिसे पूरा करने पर उसे पीएच डी की उपाधि दी जायेगी। यह कार्यक्रम सामान्यतः 5 वर्षों का होता है एवं इसे सफलतापूर्वक पूरा करने के उपरांत उपयुक्त अभयर्थियों को संस्थान में नियमित स्थान/पद का प्रस्ताव दिया जा सकता है।
यह संस्थान प्लाज़्मा विज्ञान तथा तकनीकी के क्षेत्र में तकनीकी प्रशिक्षण प्रदान करता है एवं योग्य वैज्ञानिकों तथा अभियंताओं को नियुक्ति प्रदान करता है।
एम एससी (भौतिकी/अनुप्रयुक्त भौतिकी), बी ई (कम्प्यूटर/इलेक्ट्रीकल/कम्युनिकेशन/इलेक्ट्रॉनिक्स/इन्स्ट्रुमेन्टेशन/मेकैनीकल) पूरा कर लिए गए छात्रों को इस कार्यक्रम के लिए सामान्यतया जून माह में आयोजित एक लिखित परीक्षा तत्पश्चात व्यक्तिगत मौखिक परीक्षा के आधार पर चयन किया जाता है। व्यक्तिगत मौखिक परीक्षा में उपस्थित होने के लिए सबसे छोटे मार्ग से आने एवं जाने के लिए द्वितीय श्रेणी का रेल किराया दिया जायेगा।
संस्थान में तकनीकी प्रशिक्षु के रूप में चयनित अभयर्थियों को एक विषय-समुच्चय तथा परियोजना कार्य लेना आवश्यक है। इस प्रशिक्षण की अवधि एक वर्ष की होती है। सफलतापूर्वक प्रशिक्षण के पश्चात उन्हें नियमित नियुक्ति प्रदान की जायेगी।
प्रशिक्षण अवधि में प्रशिक्षुओं को 5400 रूपये की समेकित वॄत्तिका तथा छात्रावास में आवास सुविधा प्रदान किया जायेगा।
छः सप्ताह तक चलने वाला यह एक ऐसा कार्यक्रम है, जिसमें चयनित विद्यार्थियों के एक समूह को संस्थान के वैज्ञानिकों से मिलने तथा एक परियोजना एवं एक वार्ता श्रेणी के माध्यम से भौतिकी के विभिन्न अनुसंधान सामग्रियों के विषय में सिखने का अवसर प्रदान किया जाता है।
एम एससी (भौतिकी) प्रथम वर्ष के छात्र इस कार्यक्रम के लिए आवेदन कर सकते हैं। इसके अभयर्थियों को समेकित वेतन/वॄतिका दिया जायेगा। आने तथा जाने हेतु संक्षिप्ततम मार्ग से द्वितीय दर्जे का रेल किराया तथा निशुल्क छात्रावास सुविधा दिया जायेगा।
इस कार्यक्रम के लिए आवेदन करने वाले अभयर्थियों को आवेदन पत्र के साथ अपने शिक्षकों से प्राप्त दो संदर्भ पत्र अवश्य संलग्न करना चाहिए।
आवश्यकता एवं रिक्तियों के अनुसार अभियंताओं तथा वैज्ञानिकॊं की सीधी भर्ति भी की जायेगी। विभिन्न पदों के लिए विज्ञापन प्रमुख समाचार पत्रों तथा रोजगार समाचार में प्रकाशित किये जायेंगें।